ग्रेटर नोएडा: उत्तर भारत के लिए तकनीकी और औद्योगिक विकास के लिहाज से बड़ी खबर सामने आई है। ग्रेटर नोएडा के यमुना सिटी सेक्टर-28 में उत्तर भारत की पहली सेमीकंडक्टर यूनिट की आधारशिला 21 फरवरी को रखी जाएगी। यह कार्यक्रम यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) क्षेत्र में आयोजित होगा।
इस परियोजना में एचसीएल ग्रुप और फॉक्सकॉन के संयुक्त उपक्रम इंडिया चिप प्राइवेट लिमिटेड द्वारा ₹3706 करोड़ का निवेश किया जाएगा। यह यूनिट देश में सेमीकंडक्टर निर्माण को बढ़ावा देने वाली India Semiconductor Mission के तहत स्वीकृत छह यूनिटों में से एक है।
PM मोदी कर सकते हैं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से संबोधन
सूत्रों के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कार्यक्रम को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए संबोधित कर सकते हैं। वहीं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव कार्यक्रम में व्यक्तिगत रूप से मौजूद रहकर शिलान्यास करेंगे।
उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से कंपनी को सेक्टर-28 में 48 एकड़ जमीन आवंटित की गई है।
क्या बनेगा इस यूनिट में?
इस सेमीकंडक्टर प्लांट में डिस्प्ले ड्राइवर IC (Display Driver Integrated Circuit) का उत्पादन किया जाएगा। इन चिप्स का उपयोग:
- मोबाइल फोन
- लैपटॉप और पीसी
- ऑटोमोबाइल्स
- और अन्य डिस्प्ले पैनल वाले इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों
में किया जाता है।
उत्पादन क्षमता: 20,000 वेफर्स, 3.6 करोड़ चिप्स प्रति माह
जानकारी के अनुसार, प्लांट की मासिक क्षमता 20,000 वेफर्स होगी। इससे हर महीने करीब 36 मिलियन (3.6 करोड़) चिप्स का उत्पादन संभव होगा।
यह परियोजना भारत को सेमीकंडक्टर क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।
3780 प्रत्यक्ष रोजगार का अनुमान
इस यूनिट के शुरू होने के बाद लगभग 3,780 प्रत्यक्ष रोजगार सृजित होने की संभावना है। इसके अलावा, सप्लाई चेन, ट्रांसपोर्ट, मेंटेनेंस और अन्य सेवाओं के जरिए हजारों अप्रत्यक्ष रोजगार भी बन सकते हैं।
बिजली-पानी की बड़ी जरूरत
सेमीकंडक्टर उद्योग को बड़े संसाधनों की जरूरत होती है। इस यूनिट को:
- दैनिक 19,000 KVA बिजली
- 2000 MLD पानी
की आवश्यकता होगी।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास होने से मिलेगा बड़ा फायदा
यह यूनिट नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के नजदीक स्थित होगी, जिससे YEIDA क्षेत्र में इलेक्ट्रॉनिक्स और चिप मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर विकसित करने में मदद मिलेगी।
विशेषज्ञों के अनुसार, इससे उत्तर प्रदेश को टेक्नोलॉजी निवेश के लिए एक नया मजबूत केंद्र बनने का मौका मिलेगा।
शिलान्यास कार्यक्रम को लेकर तैयारियां पूरी
21 फरवरी को होने वाले शिलान्यास समारोह को लेकर पुलिस, प्रशासन और YEIDA ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। सुरक्षा व्यवस्था से लेकर यातायात प्रबंधन तक सभी विभागों को अलर्ट मोड पर रखा गया है।