नई दिल्ली: मिडिल ईस्ट में बढ़ते सैन्य तनाव के बीच कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष Rahul Gandhi ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच चल रहे संघर्ष की कीमत भारत को भी चुकानी पड़ सकती है।
राहुल गांधी ने चेतावनी दी कि अगर यह तनाव बढ़ता है तो भारत में ईंधन की कीमतें बढ़ सकती हैं और आर्थिक विकास की रफ्तार पर भी असर पड़ सकता है।
वैश्विक ताकतों की प्रतिस्पर्धा का हिस्सा है यह संघर्ष
कांग्रेस नेता Rahul Gandhi ने कहा कि यह संघर्ष सिर्फ Iran, Israel और United States के बीच नहीं है।
उनके अनुसार यह वैश्विक शक्ति संतुलन की बड़ी लड़ाई भी है, जिसमें China और Russia जैसे देश भी रणनीतिक रूप से जुड़े हुए हैं।
राहुल गांधी ने कहा कि अमेरिका वैश्विक शक्ति के रूप में अपनी स्थिति बनाए रखने की कोशिश कर रहा है, जबकि चीन तेजी से आगे बढ़ रहा है।
तेल आपूर्ति पर दबाव बढ़ने की आशंका
राहुल गांधी ने कहा कि मिडिल ईस्ट दुनिया में ऊर्जा उत्पादन का सबसे बड़ा केंद्र है। अगर यहां तनाव बढ़ता है तो इसका असर पूरी दुनिया पर पड़ेगा।
उन्होंने विशेष रूप से Strait of Hormuz का जिक्र करते हुए कहा कि यह मार्ग वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
यदि इस क्षेत्र में तनाव बढ़ता है तो तेल की आपूर्ति प्रभावित हो सकती है।
भारत में महंगा हो सकता है ईंधन
राहुल गांधी के मुताबिक भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए बड़े पैमाने पर मिडिल ईस्ट पर निर्भर है।
उन्होंने कहा कि अगर युद्ध लंबा चलता है तो भारत में पेट्रोल-डीजल और गैस की कीमतें बढ़ सकती हैं, जिससे आम लोगों पर आर्थिक दबाव बढ़ेगा और देश की आर्थिक वृद्धि धीमी पड़ सकती है।
भारत को अपनी नीति स्पष्ट करनी चाहिए
कांग्रेस सांसद Rahul Gandhi ने कहा कि मौजूदा वैश्विक हालात यह संकेत दे रहे हैं कि दुनिया एक अस्थिर और खतरनाक दौर में प्रवेश कर रही है।
उन्होंने कहा कि ऐसे समय में भारत को अपनी विदेश नीति और रणनीतिक रुख स्पष्ट रखना चाहिए, ताकि देश के हित सुरक्षित रह सकें।