उत्तर प्रदेश की राजनीति से जुड़ी एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। समाजवादी पार्टी प्रमुख Akhilesh Yadav के छोटे भाई और बीजेपी नेता Aparna Yadav के पति प्रतीक यादव का 38 साल की उम्र में निधन हो गया। इस खबर के सामने आते ही राजनीतिक और सामाजिक गलियारों में शोक की लहर दौड़ गई है।
बताया जा रहा है कि देर रात अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई थी। परिवार के लोग उन्हें तुरंत अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। फिलहाल उनकी मौत की असली वजह साफ नहीं हो पाई है।
अचानक बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में हुई मौत
जानकारी के मुताबिक प्रतीक यादव को रात में अचानक बेचैनी और स्वास्थ्य संबंधी परेशानी महसूस हुई। हालत ज्यादा खराब होने पर उन्हें लखनऊ के सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
सूत्रों के अनुसार शुरुआती जांच में जहरीले पदार्थ के सेवन की आशंका जताई जा रही है। हालांकि पुलिस और मेडिकल टीम पूरे मामले की जांच कर रही है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असली वजह सामने आएगी।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी सबकी नजर
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शरीर पर किसी तरह के बाहरी चोट के निशान नहीं मिले हैं। ऐसे में मामला और भी रहस्यमय माना जा रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि मौत प्राकृतिक कारणों से हुई या इसके पीछे कोई अन्य वजह है।
प्रतीक यादव के निधन की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में नेता, समर्थक और परिचित अस्पताल पहुंचने लगे। परिवार में मातम का माहौल है।
राजनीति से दूर रहते थे प्रतीक यादव
प्रतीक यादव देश के बड़े राजनीतिक परिवार से ताल्लुक रखते थे, लेकिन उन्होंने खुद को राजनीति से दूर रखा। वह मुलायम सिंह यादव की दूसरी पत्नी साधना गुप्ता के बेटे थे।
उन्होंने ब्रिटेन की यूनिवर्सिटी ऑफ लीड्स से पढ़ाई की थी और फिटनेस व रियल एस्टेट बिजनेस से जुड़े हुए थे। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक वह ‘द फिटनेस प्लानेट’ नाम से जिम भी चलाते थे। इसके अलावा वह “जीव आश्रय” संस्था के जरिए स्ट्रीट डॉग्स के इलाज, भोजन और रेस्क्यू का काम भी करते थे।
पारिवारिक विवादों की भी होती रही चर्चा
पिछले कुछ समय से पति-पत्नी के बीच विवाद की खबरें भी सामने आई थीं। हालांकि परिवार के करीबी लोगों का कहना है कि दोनों परिवार के साथ ही रह रहे थे। इसके बावजूद पारिवारिक तनाव की चर्चाएं लगातार होती रही थीं।
अब प्रतीक यादव के अचानक निधन ने पूरे यादव परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।