लोहे के कारोबार में की गई 341 करोड़ रुपये की जीएसटी चोरी ने पूरे विभाग में हड़कंप

मुरादाबाद से एक बड़ा फर्जीवाड़ा उजागर हुआ है। लोहे के कारोबार में की गई 341 करोड़ रुपये की जीएसटी चोरी ने पूरे विभाग में हड़कंप मचा दिया है। जांच में सामने आया है कि सिर्फ दो मोबाइल नंबरों से 122 फर्जी कंपनियां खोली गईं, जिनके जरिए करीब 1811 करोड़ रुपये का कागजी कारोबार दिखाया गया। इन बोगस फर्मों का इस्तेमाल जीएसटी चोरी और फर्जी इनवॉइस बनाने के लिए किया जा रहा था।
जीएसटी विभाग की टीम ने जब मामले की गहराई से जांच की, तो खुलासा हुआ कि इस पूरे रैकेट का मास्टरमाइंड लखनऊ का लोहा कारोबारी अंकित कुमार है, जो एके इंटरप्राइजेज नाम से कारोबार चला रहा था। विभाग ने इस मामले में अब तक 9 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है और कई अन्य संदिग्धों से पूछताछ जारी है।
बताया जा रहा है कि आरोपी अंकित कुमार ने फर्जी पते, आधार कार्ड और बैंक खातों का उपयोग कर एक नेटवर्क तैयार किया, जिसके जरिए वह करोड़ों रुपये के टैक्स की चोरी कर रहा था। जीएसटी विभाग की विशेष टीम ने डिजिटल ट्रेल, बैंक खातों और इनवॉइस रिकॉर्ड की जांच के बाद पूरा घोटाला बेनकाब किया।
विभागीय सूत्रों के मुताबिक, यह अब तक का मुरादाबाद का सबसे बड़ा जीएसटी घोटाला माना जा रहा है। जांच एजेंसियां अब अन्य जुड़े कारोबारियों और फर्मों की भी तलाश में जुटी हैं, ताकि इस नेटवर्क के हर कड़ी तक पहुंचा जा सके