मथुरा।
उत्तर प्रदेश में ब्राह्मण विधायकों और नेताओं की बैठक को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। इसी बीच यूपी भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी ने इस मुद्दे पर साफ और कड़ा रुख अपनाया है। मथुरा दौरे पर पहुंचे पंकज चौधरी ने कहा कि भाजपा समाज के सभी वर्गों की पार्टी है और पार्टी के भीतर किसी भी तरह की जातिगत व्यवस्था या गुटबाजी अनुशासनहीनता की श्रेणी में आती है।
दीनदयाल धाम में दी प्रतिक्रिया
शनिवार को मथुरा पहुंचे पंकज चौधरी ने फरह स्थित दीनदयाल धाम में पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने ब्राह्मण और ठाकुर समाज के नेताओं की बैठक को लेकर उठे सवालों का जवाब दिया।
उन्होंने कहा,
“भारतीय जनता पार्टी समस्त समाज को साथ लेकर चलती है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मंत्र ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास’ के आधार पर बिना भेदभाव के देश में विकास हो रहा है।”
जातिगत गुटबाजी पर सख्त चेतावनी
पंकज चौधरी ने स्पष्ट किया कि उन्होंने अपने पत्र में किसी व्यक्ति या समाज का नाम नहीं लिया, बल्कि पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं को संवैधानिक मर्यादा का पालन करने की सलाह दी है।
उन्होंने कहा,
“भाजपा के संविधान के तहत जातिगत व्यवस्था बनाना अनुशासनहीनता है। संगठन राष्ट्र निर्माण और विकास की विचारधारा पर काम करता है।”
यह बयान ऐसे समय आया है जब यूपी में जातीय समीकरणों को लेकर अंदरूनी चर्चाएं तेज हैं।
35 साल के अनुभव का दिया हवाला
संगठन को मजबूत करने और विवादों को खत्म करने के सवाल पर यूपी भाजपा अध्यक्ष ने अपने राजनीतिक अनुभव का जिक्र किया।
उन्होंने कहा कि उनके पास 35 वर्षों का राजनीतिक अनुभव है और उन्होंने एक ही पार्टी से सात बार चुनाव जीता है।
पंकज चौधरी ने कहा,
“मैं अपने क्षेत्र में जैसे सभी लोगों को साथ लेकर चला, उसी तरह पूरे प्रदेश के कार्यकर्ताओं को साथ लेकर आगे बढ़ूंगा।”
बांके बिहारी मंदिर में दर्शन, प्रदेश दौरे की शुरुआत
इस दौरान पंकज चौधरी ने मथुरा के बांके बिहारी मंदिर में दर्शन भी किए। उन्होंने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद उन्होंने पूरे उत्तर प्रदेश का दौरा शुरू करने का फैसला किया है और इसकी शुरुआत बांके बिहारी जी के आशीर्वाद से करने का संकल्प पहले ही लिया था।
निष्कर्ष
ब्राह्मण विधायकों की बैठक को लेकर चल रही राजनीति के बीच पंकज चौधरी का बयान भाजपा की आधिकारिक लाइन को स्पष्ट करता है।
भाजपा नेतृत्व का संदेश साफ है —
👉 पार्टी में जातिगत गुटबाजी नहीं, बल्कि संगठन, विकास और राष्ट्रहित सर्वोपरि है।