नई दिल्ली।
पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत द्वारा शुरू किए गए ऑपरेशन सिंदूर को लेकर पाकिस्तान भले ही दुनिया के सामने जीत का ढोल पीटता रहा हो, लेकिन अब उसकी टॉप लीडरशिप के बयान ही इस दावे की पोल खोल रहे हैं।
प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ, सेना प्रमुख आसिम मुनीर और अब राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी — तीनों के बयानों से साफ है कि ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को भीतर तक हिला दिया था।
‘जंग शुरू हो गई, बंकर में चलो’ – जरदारी का कबूलनामा
पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने एक सार्वजनिक कार्यक्रम में स्वीकार किया कि भारत के हमलों के दौरान पाकिस्तान की शीर्ष राजनीतिक और सैन्य नेतृत्व में डर का माहौल था।
जरदारी के मुताबिक, भारत की कार्रवाई के बीच उनके मिलिट्री सेक्रेटरी ने उन्हें सुरक्षित बंकर में जाने की सलाह दी थी।
जरदारी ने बताया,
“मिलिट्री सेक्रेटरी ने कहा— जंग शुरू हो गई है, हमें बंकर में जाना चाहिए।”
यह बयान अपने आप में इस बात का सबूत है कि ऑपरेशन सिंदूर कितना सटीक और प्रभावी था, कि पाकिस्तान के राष्ट्रपति तक को छिपने की सलाह दी गई।
इशाक डार ने मानी ड्रोन और एयरबेस स्ट्राइक
जरदारी से पहले पाकिस्तान के विदेश मंत्री और उप प्रधानमंत्री इशाक डार ने भी ऑपरेशन सिंदूर की सच्चाई उजागर कर दी।
एक प्रेस ब्रीफिंग में डार ने माना कि:
- भारत ने रावलपिंडी के चकला स्थित नूर खान एयरबेस को निशाना बनाया
- 36 घंटे में दर्जनों ड्रोन पाकिस्तानी क्षेत्र में दाखिल हुए
- एक ड्रोन ने मिलिट्री ठिकाने को नुकसान पहुंचाया
भारत पहले ही इन हमलों का दावा कर चुका था, लेकिन पाकिस्तान लगातार गोलमोल जवाब देता रहा। अब डार के बयान ने साफ कर दिया कि भारतीय हमले बेहद सटीक और योजनाबद्ध थे।
मुनीर को याद आया ‘अल्लाह’
पाकिस्तान के सेना प्रमुख आसिम मुनीर ने भी दिसंबर की शुरुआत में इस्लामाबाद में आयोजित नेशनल उलेमा कॉन्फ्रेंस में ऑपरेशन सिंदूर को लेकर अजीब बयान दिया।
उन्होंने कहा कि जब भारत ने 7 मई को हमले शुरू किए, तो
“अल्लाह ने हमें मदद भेजी, हमने उसे महसूस किया।”
जिस मुनीर ने खुद को सैन्य टकराव के बाद हीरो घोषित किया था, वही जंग के वक्त तबाही से घबराकर दैवीय मदद की बात करता नजर आया।
💥 शहबाज शरीफ ने मानी ब्रह्मोस की मार
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ भी ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारत की सैन्य ताकत को स्वीकार कर चुके हैं।
अजरबायजान में दिए गए एक भाषण में शहबाज ने माना था कि:
- पाकिस्तान भारत पर हमले की तैयारी कर रहा था
- लेकिन भारत ने सुबह साढ़े चार बजे ब्रह्मोस मिसाइल दाग दीं
- रावलपिंडी एयरपोर्ट तक को नुकसान पहुंचा
शहबाज ने स्वीकार किया कि भारत ने पाकिस्तान को पूरी तरह चौंका दिया था।
निष्कर्ष
ऑपरेशन सिंदूर को लेकर पाकिस्तान चाहे जितना भी झूठा नैरेटिव गढ़े, लेकिन उसके अपने राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, सेना प्रमुख और विदेश मंत्री के बयान ही सच्चाई बयान कर रहे हैं।
👉 बंकरों में छिपी लीडरशिप
👉 ड्रोन और ब्रह्मोस से तबाह ठिकाने
👉 डरे हुए बयान और कुबूलनामे
ये सब इस बात का प्रमाण हैं कि
ऑपरेशन सिंदूर भारत की एक निर्णायक और सफल सैन्य कार्रवाई थी।