बेरूत: मध्य पूर्व में हालात एक बार फिर विस्फोटक हो गए हैं। सीजफायर की घोषणा के महज 24 घंटे बाद Israel ने Lebanon पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले कर दिए। रिपोर्ट्स के मुताबिक, सिर्फ 10 मिनट के भीतर 100 से ज्यादा ठिकानों को निशाना बनाया गया, जिससे राजधानी Beirut समेत कई इलाके धुएं और तबाही में डूब गए।
‘ऑपरेशन इटरनल डार्कनेस’ के तहत हमला
इजरायली सेना (IDF) ने इस कार्रवाई को ‘ऑपरेशन इटरनल डार्कनेस’ नाम दिया है। 50 से अधिक लड़ाकू विमानों ने दक्षिणी लेबनान, बेरूत और बेका घाटी में मौजूद ठिकानों को निशाना बनाया। इजरायल का दावा है कि ये सभी ठिकाने Hezbollah के कमांड सेंटर और सैन्य अड्डे थे।
182 लोगों की मौत, सैकड़ों घायल
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इन हमलों में कम से कम 182 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 890 से अधिक लोग घायल हैं। मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। लगातार हमलों के कारण कई इमारतें मलबे में तब्दील हो गई हैं और राहत कार्य जारी है।
सीजफायर पर उठे सवाल
इस हमले ने हाल ही में घोषित सीजफायर पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अमेरिका की ओर से घोषित दो हफ्ते के संघर्ष-विराम को लेकर भ्रम की स्थिति बनी हुई है। Donald Trump प्रशासन के अनुसार, लेबनान इस सीजफायर का हिस्सा नहीं था।
पुराना संघर्ष फिर भड़का
इजरायल और हिज्बुल्लाह के बीच दशकों पुराना संघर्ष एक बार फिर तेज हो गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, हालिया तनाव तब बढ़ा जब ईरान के सर्वोच्च नेता Ali Khamenei से जुड़े घटनाक्रमों के बाद हिज्बुल्लाह ने इजरायल पर रॉकेट दागे।
अब तक 1700 से ज्यादा मौतें
इस पूरे संघर्ष में अब तक 1700 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है, जिनमें 130 से ज्यादा बच्चे शामिल हैं। इजरायल का दावा है कि उसने हिज्बुल्लाह के करीब 1100 लड़ाकों को मार गिराया है।
मध्य पूर्व में बढ़ता तनाव
मध्य पूर्व में बढ़ते इस संघर्ष ने वैश्विक चिंता बढ़ा दी है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय शांति की अपील कर रहा है, लेकिन जमीन पर हालात लगातार बिगड़ते नजर आ रहे हैं।