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Kanwar Yatra 2026: यूपी से उत्तराखंड तक आज से रूट डायवर्जन लागू, 11 अगस्त तक रहेगा ट्रैफिक अलर्ट

सावन की शुरुआत के साथ कांवड़ यात्रा शुरू, 7-लेयर सुरक्षा, ATS-STF तैनात, कई राज्यों में बदला ट्रैफिक प्लान

लखनऊ/हरिद्वार। सावन माह की शुरुआत के साथ कांवड़ यात्रा 2026 का शुभारंभ हो गया है। लाखों शिवभक्तों की सुरक्षा और सुगम यात्रा को देखते हुए उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, दिल्ली, हरियाणा और पंजाब सहित कई राज्यों में 29 जुलाई से 11 अगस्त तक विशेष ट्रैफिक डायवर्जन लागू कर दिया गया है। प्रशासन ने श्रद्धालुओं और आम यात्रियों से घर से निकलने से पहले रूट की जानकारी लेने की अपील की है।

7-लेयर सुरक्षा, ATS और STF की विशेष तैनाती

कांवड़ यात्रा के दौरान प्रमुख शिवालयों और कांवड़ मार्गों पर 7-लेयर सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है। आतंकी इनपुट और संभावित सुरक्षा खतरों को देखते हुए ATS, STF, PAC, SDRF, NDRF और स्थानीय पुलिस की अतिरिक्त तैनाती की गई है। मंदिर परिसरों, प्रवेश द्वारों और प्रमुख मार्गों पर लगातार निगरानी रखी जाएगी।

आज से लागू हुआ रूट डायवर्जन

हरिद्वार, मुजफ्फरनगर, मेरठ, मुरादाबाद, बिजनौर, नजीबाबाद और दिल्ली से आने-जाने वाले वाहनों के लिए अलग-अलग वैकल्पिक मार्ग निर्धारित किए गए हैं। कांवड़ वाहनों, रोडवेज बसों, निजी बसों और चारधाम यात्रा के वाहनों के लिए अलग ट्रैफिक प्लान बनाया गया है। वहीं दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर कांवड़ वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया गया है।

भारी वाहनों पर रहेगी पाबंदी

प्रशासन के अनुसार 29 जुलाई से 12 अगस्त तक कई राष्ट्रीय राजमार्गों पर भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक रहेगी। 4 अगस्त तक हाईवे की एक लेन कांवड़ियों के लिए आरक्षित रहेगी, जबकि 5 अगस्त से 11 अगस्त तक दोनों लेन केवल कांवड़ यात्रियों के लिए सुरक्षित रहेंगी।

श्रद्धालुओं और यात्रियों के लिए विशेष व्यवस्था

पैदल कांवड़ियों के लिए अलग मार्ग बनाए गए हैं। रोडवेज और निजी बसों के लिए विशेष पार्किंग स्थल निर्धारित किए गए हैं, ताकि यातायात बाधित न हो। जलाशयों और घाटों पर बैरिकेडिंग, प्रशिक्षित गोताखोर, नाविक, PAC, SDRF और NDRF की टीमें भी तैनात की गई हैं।

बाजारों में कांवड़ यात्रा की रौनक

कांवड़ यात्रा को लेकर बाजारों में भी जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। भगवा वस्त्र, गमछे, कांवड़ सामग्री और विभिन्न डिज़ाइन की टी-शर्ट की बिक्री तेज हो गई है। इस बार श्रद्धालुओं के बीच 3D प्रिंटेड टी-शर्ट भी आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं।

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