प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का अगले साल इटली दौरा लगभग तय माना जा रहा है। इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने 2026 के लिए पीएम मोदी को आधिकारिक निमंत्रण भेजा है, जिसे मोदी ने स्वीकार भी कर लिया है। दोनों देशों के बीच बढ़ती रणनीतिक साझेदारी इस विज़िट को बेहद अहम बनाती है।
भारत-इटली रिश्तों को मिल सकती है नई दिशा
10 दिसंबर 2025 को प्रधानमंत्री मोदी ने इटली के उप प्रधानमंत्री और विदेश एवं अंतरराष्ट्रीय सहयोग मंत्री एंटोनियो ताजानी से दिल्ली में मुलाकात की। ताजानी भारत की तीन दिवसीय यात्रा पर आए थे। मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंध मजबूत करने पर विस्तार से चर्चा की और संयुक्त रणनीतिक कार्य योजना की प्रगति की समीक्षा की।
मोदी ने एक्स पर लिखा—
“इटली के उप प्रधानमंत्री एंटोनियो ताजानी से मिलकर खुशी हुई। भारत-इटली की दोस्ती लगातार मजबूत हो रही है, जिससे दोनों देशों के लोगों और वैश्विक समुदाय को फायदा मिलेगा।”

मेलोनी का इनवाइट, मोदी की सहमति — 2026 में बड़ा दौरा तय
इसी मीटिंग के दौरान ताजानी ने पीएम मोदी को मेलोनी का विशेष संदेश दिया। इसमें 2026 में इटली विजिट का औपचारिक निमंत्रण था। ताजानी के अनुसार मोदी ने इस निमंत्रण पर सकारात्मक प्रतिक्रिया देते हुए कहा—“ज़रूर आएंगे।”
हालांकि तारीख अभी फाइनल नहीं हुई है, लेकिन दोनों देशों ने इस दौरे पर सहमति बना ली है। यह दौरा भारत-इटली रिश्तों को नए दौर में ले जाने वाला माना जा रहा है।
कई अहम मुद्दों पर हुई चर्चा
ताजानी और मोदी की बातचीत में इन विषयों पर भी विस्तार से चर्चा हुई—
- इंडस्ट्रियल कोऑपरेशन
- टेक्नोलॉजी और डिजिटल पार्टनरशिप
- सांस्कृतिक रिश्ते और शिक्षा
- ट्रेड और निवेश बढ़ावा
- कूटनीतिक सहयोग और वैश्विक चुनौतियां
ताजानी ने माना कि भारत की वैश्विक भूमिका लगातार बढ़ रही है और रूस-यूक्रेन युद्ध जैसे मुद्दों पर भारत बड़ी शक्ति के रूप में वार्ता आगे बढ़ा सकता है।
क्यों महत्वपूर्ण है पीएम मोदी का इटली दौरा?
- भारत और इटली G7 और G20 पार्टनर हैं।
- यूरोप में इटली भारत का महत्वपूर्ण आर्थिक साझेदार है।
- रक्षा, व्यापार और साइंस-टेक्नोलॉजी में नए अवसर खुलेंगे।
- मेलोनी और मोदी के बीच मजबूत संबंध ने दोनों देशों को और करीब लाया है।
2026 में होने वाला यह दौरा इंडो-इटली रिश्तों के लिए मील का पत्थर साबित हो सकता है।
निष्कर्ष
एंटोनियो ताजानी की दिल्ली यात्रा और मेलोनी का इनविटेशन इस बात का संकेत है कि भारत-इटली संबंध अगले कुछ वर्षों में और तेज़ी से आगे बढ़ेंगे। पीएम मोदी का 2026 में इटली दौरा दोनों देशों के लिए व्यापार, कूटनीति और रणनीतिक साझेदारी के नए अवसर लेकर आएगा।
अगर आप अंतरराष्ट्रीय राजनीति और भारत की ग्लोबल भूमिका में दिलचस्पी रखते हैं, तो यह विज़िट आपके लिए बेहद महत्वपूर्ण अपडेट है।