नई दिल्ली। NEET पेपर लीक को लेकर जारी CJP (कॉकरोच जनता पार्टी) के विरोध-प्रदर्शन के बीच अब मामला दिल्ली हाईकोर्ट पहुंच गया है। आंदोलन को कथित विदेशी फंडिंग मिलने के आरोपों की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) से कराने की मांग वाली जनहित याचिका (PIL) पर दिल्ली हाईकोर्ट सुनवाई के लिए सहमत हो गया है। मामले की सुनवाई शुक्रवार को निर्धारित की गई है।
नोट: याचिका में लगाए गए विदेशी फंडिंग के आरोप अभी न्यायालय में विचाराधीन हैं। इन आरोपों की पुष्टि अदालत द्वारा नहीं की गई है।
क्या है पूरा मामला?
दिल्ली के जंतर-मंतर पर CJP के बैनर तले NEET पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही की मांग को लेकर लगातार प्रदर्शन जारी है। इसी बीच एक जनहित याचिका दायर कर आरोप लगाया गया कि आंदोलन को कथित विदेशी फंडिंग मिल रही है और इसकी जांच NIA से कराई जानी चाहिए।
याचिका में संसद मार्च को भी एक सुनियोजित साजिश बताते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की गई है।
हाईकोर्ट ने सुनवाई के लिए किया सूचीबद्ध
यह जनहित याचिका अधिवक्ता बरुण सिन्हा के माध्यम से याचिकाकर्ता सतीश कुमार अग्रवाल की ओर से दायर की गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए दिल्ली हाईकोर्ट की मुख्य न्यायाधीश डी.के. उपाध्याय और न्यायमूर्ति तेजस करिया की पीठ इस पर सुनवाई करेगी।
अदालत ने फिलहाल केवल याचिका पर सुनवाई के लिए सहमति दी है। NIA जांच का आदेश दिया गया है या नहीं, इस पर फैसला सुनवाई के बाद ही होगा।
PM मोदी का बड़ा ऐलान
इसी बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने NEET पेपर लीक मामले में बड़ा फैसला लेते हुए घोषणा की कि पेपर लीक के मामलों की सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाए जाएंगे, ताकि दोषियों को जल्द और कड़ी सजा मिल सके।
प्रधानमंत्री ने कहा कि युवाओं का भविष्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और परीक्षा प्रणाली से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर नहीं बख्शा जाएगा।
राहुल गांधी ने साधा निशाना
प्रधानमंत्री के इस ऐलान के बाद कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि छात्रों की मांगों पर गंभीरता से कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे, छात्रों से माफी और प्रदर्शन के दौरान कथित हिंसा के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग दोहराई।
आगे क्या होगा?
अब सभी की नजर शुक्रवार को होने वाली दिल्ली हाईकोर्ट की सुनवाई पर है। अदालत यह तय करेगी कि याचिका में उठाए गए आरोपों और NIA जांच की मांग पर आगे क्या प्रक्रिया अपनाई जाएगी। दूसरी ओर, NEET पेपर लीक को लेकर छात्रों का आंदोलन और राजनीतिक बयानबाजी भी जारी है।