नई दिल्ली। CJP से जुड़े नेता आशुतोष रांका और सौरव दास शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026 को SEM कोर्ट के सामने पेश हुए। अदालत में पेशी के बाद दोनों ने मीडिया से बातचीत की और आगे की रणनीति को लेकर अपनी बात रखी। आशुतोष रांका ने बताया कि उनकी जमानत से जुड़ी श्योरिटी का सत्यापन किया गया है और अगली तारीख 13 नवंबर तय की गई है। वहीं, सौरव दास ने कहा कि आगे की रणनीति सामूहिक चर्चा के बाद तय की जाएगी।
13 नवंबर को अगली तारीख, श्योरिटी का हुआ सत्यापन
मीडिया से बातचीत के दौरान आशुतोष रांका ने बताया कि शुक्रवार को श्योरिटी का वेरिफिकेशन हुआ। उन्होंने कहा कि अदालत की ओर से अगली तारीख 13 नवंबर दी गई है। क्राइम ब्रांच के नोटिस को लेकर पूछे गए सवाल पर रांका ने बताया कि वे पहले नोटिस पर पेश नहीं हो पाए थे और अब अगली तारीख का इंतजार कर रहे हैं।
हालांकि, मामले की विस्तृत कानूनी स्थिति और अगली सुनवाई में होने वाली संभावित कार्रवाई को लेकर फिलहाल अतिरिक्त जानकारी सामने नहीं आई है।
CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग दोहराई
आगे की रणनीति से जुड़े सवाल पर सौरव दास ने कहा कि इस बारे में फैसला किसी एक व्यक्ति की ओर से नहीं लिया जाएगा, बल्कि आंदोलन से जुड़े सभी लोग मिलकर चर्चा करेंगे। उन्होंने इसे सामूहिक निर्णय बताते हुए कहा कि कई लोग इस आंदोलन से जुड़े हुए हैं और सभी की राय के बाद आगे का रास्ता तय किया जाएगा।
दास ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी दोहराई। उन्होंने कहा कि उनके अनुसार ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा होना चाहिए। यह बयान CJP से जुड़े नेताओं की ओर से रखी गई मांग है; इस पर संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया और मामले से जुड़े अन्य तथ्यों को भी ध्यान में रखना जरूरी है।
न्यायिक प्रक्रिया की मर्यादा बनाए रखने की अपील
सौरव दास ने मीडिया में मामले से जुड़ी सूचनाओं के सामने आने पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि कार्यकारी अदालत में एक प्रक्रिया चल रही है और उसकी मर्यादा बनाए रखी जानी चाहिए। दास के मुताबिक, उनकी ओर से मामले से संबंधित जानकारी मीडिया में साझा नहीं की जा रही है।
उन्होंने कथित तौर पर सूचनाएं लीक करने वालों को लेकर भी नाराजगी जताई और कहा कि न्यायिक प्रक्रिया का सम्मान किया जाना चाहिए। उनके बयान के अनुसार, यदि ऐसा जारी रहता है तो उनकी ओर से भी कार्रवाई पर विचार किया जा सकता है।
आशुतोष रांका बोले- आगे की रणनीति पर होगी चर्चा
आशुतोष रांका ने कहा कि 14 अक्टूबर के बाद उनकी ओर से किसी नए प्रदर्शन का आह्वान नहीं किया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आगे क्या कदम उठाए जाएंगे, इस पर चर्चा के बाद लोगों को जानकारी दी जाएगी।
रांका ने खुद को नेता के बजाय इस मंच का संरक्षक बताते हुए कहा कि वे अपनी जिम्मेदारी निभाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि आंदोलन से जुड़े लोगों ने जेल के भीतर और बाहर के अनुभवों से बहुत कुछ सीखा है।
आंदोलन की अगली दिशा पर नजर
CJP से जुड़े नेताओं के बयान से स्पष्ट है कि फिलहाल आगे की रणनीति पर सामूहिक विचार-विमर्श किया जाएगा। एक ओर अदालत से जुड़ी प्रक्रिया आगे बढ़ रही है, वहीं दूसरी ओर संगठन की ओर से आंदोलन और प्रदर्शन को लेकर अगले फैसले का इंतजार है।
अब सबकी नजर 13 नवंबर की अगली तारीख और उससे पहले CJP की ओर से घोषित किए जाने वाले अगले कदम पर रहेगी। हालांकि, भविष्य की रणनीति और किसी नए प्रदर्शन को लेकर अभी कोई अंतिम घोषणा नहीं की गई है।